बिलासपुर/सीपत:
सीपत पुलिस ने एक नाबालिग बालिका को बहला-फुसलाकर भगा ले जाने वाले आरोपी को गिरफ्तार करने में बड़ी सफलता हासिल की है। पुलिस ने आरोपी के खिलाफ अपहरण और पोक्सो एक्ट की गंभीर धाराओं के तहत मामला दर्ज कर उसे न्यायिक रिमांड पर भेज दिया है।
क्या था पूरा मामला?
मिली जानकारी के अनुसार, गत 1 जुलाई 2026 को थाना सीपत में एक प्रार्थी ने रिपोर्ट दर्ज कराई थी कि उनकी नाबालिग बेटी को कोई अज्ञात व्यक्ति बहला-फुसलाकर अपने साथ ले गया है। रिपोर्ट दर्ज होते ही पुलिस ने तत्काल सक्रियता दिखाते हुए मामला विवेचना में लिया।
जीरो टॉलरेंस नीति के तहत की गई कार्रवाई
बिलासपुर के पुलिस उप महानिरीक्षक एवं वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक श्री रजनेश सिंह ने महिला एवं बच्चों से संबंधित अपराधों के प्रति ‘जीरो टॉलरेंस’ नीति अपनाते हुए सभी थाना प्रभारियों को सख्त कार्रवाई के निर्देश दिए हैं। इसी के पालन में, सीपत पुलिस को मुखबिर के जरिए सूचना मिली कि अपहृत बालिका और संदेही आरोपी ग्राम लीमभाठा (थाना बलौदा, जिला जांजगीर-चांपा) में मौजूद हैं।
सूचना मिलते ही सीपत थाना प्रभारी के नेतृत्व में एक विशेष टीम गठित की गई और तत्काल लीमभाठा रवाना हुई। पुलिस टीम ने वहां दबिश देकर अपहृता को बरामद कर लिया और आरोपी को हिरासत में ले लिया।
आरोपी के खिलाफ सख्त धाराएं
पुलिस पूछताछ और जांच में यह सामने आया कि आरोपी उमेश अनंत (19 वर्ष) ने नाबालिग को बहला-फुसलाकर भगाया और उसका शारीरिक शोषण किया। इसके बाद मामले में बीएनएस (BNS) की धारा 87, 65(1) और पोक्सो एक्ट की धारा 4(2), 6 जोड़ी गई। पुलिस ने आरोपी उमेश अनंत (पिता राम कुमार अनंत, निवासी ग्राम लीमभाठा, बलौदा) को गिरफ्तार कर न्यायालय के समक्ष पेश किया, जहां से उसे न्यायिक रिमांड पर जेल भेज दिया गया है।


