रायपुर — छत्तीसगढ़ के पर्यटन मानचित्र पर बस्तर को एक नई पहचान मिलने जा रही है। मुख्य सचिव श्री विकासशील की अध्यक्षता में आज मंत्रालय महानदी भवन में आयोजित सार्वजनिक निजी भागीदारी मूल्यांकन समिति (पीपीपीएसी) की बैठक में चित्रकोट जलप्रपात के समीप तीरथ गांव में 25 करोड़ रुपये की लागत से ‘टेंट सिटी’ विकसित करने के प्रस्ताव को मंजूरी दी गई है।
इस प्रोजेक्ट से जुड़ी मुख्य विशेषताएं इस प्रकार हैं:
- पब्लिक-प्राइवेट पार्टनरशिप (PPP) मॉडल: इस महत्वाकांक्षी परियोजना को पीपीपी मॉडल के तहत विकसित किया जाएगा, जिससे निजी क्षेत्र की विशेषज्ञता और निवेश का लाभ मिलेगा।
- रणनीतिक लोकेशन: यह टेंट सिटी बस्तर जिले के ग्राम तीरथ में, प्रसिद्ध चित्रकोट जलप्रपात से मात्र 500 मीटर की दूरी पर बनाई जाएगी।
- आधुनिक सुविधाएं और आकर्षण: पर्यटन विभाग के अनुसार, यहां पर्यटकों के लिए टेंट आवास के साथ-साथ मुख्य रूप से निम्नलिखित सुविधाएं विकसित की जाएंगी:
- एडवेंचर एक्टिविटीज (रोमांचक गतिविधियां)
- डेस्टिनेशन वेडिंग के लिए विशेष इंतजाम
- आधुनिक कॉन्फ्रेंस हॉल
- मास्टर प्लान और पर्यटन को बढ़ावा: मुख्य सचिव श्री विकासशील ने निर्देश दिए हैं कि चित्रकोट जलप्रपात के आसपास के क्षेत्र को एक वर्ल्ड क्लास टूरिज्म डेस्टिनेशन के रूप में विकसित करने के लिए एक व्यापक मास्टर प्लान तैयार किया जाए।
- रोजगार के अवसर: टेंट सिटी के निर्माण से बस्तर क्षेत्र में केवल पर्यटकों की आवाजाही सालभर बनी रहेगी, बल्कि स्थानीय युवाओं के लिए रोजगार के नए अवसर भी सृजित होंगे।
बैठक में उपस्थित प्रमुख अधिकारी:
इस उच्चस्तरीय बैठक में वित्त विभाग के सचिव डॉ. रोहित यादव, पर्यटन एवं संस्कृति विभाग के सचिव डॉ. एस. भारतीदासन, पर्यटन मंडल के प्रबंध संचालक श्री विवेक आचार्य सहित पर्यटन विभाग के अन्य वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित


