बिलासपुर:
प्रदेश में स्मार्ट मीटर के बाद बढ़े हुए बिजली बिलों की शिकायतों को लेकर कांग्रेस ने आक्रामक रुख अपना लिया है। जिला कांग्रेस कमेटी (ग्रामीण) द्वारा कांग्रेस भवन में एक महत्वपूर्ण बैठक का आयोजन किया गया, जिसमें स्मार्ट मीटर और महंगाई के खिलाफ व्यापक जनआंदोलन की रूपरेखा तैयार की गई। कांग्रेस ने जिले के सभी 12 ब्लॉकों में 1 लाख 20 हजार आवेदन पत्र (फॉर्म) घर-घर पहुंचाने का बड़ा लक्ष्य रखा है।
- विशाल जनसंपर्क अभियान: जिले के 12 ब्लॉकों में 10-10 हजार फॉर्म वितरित किए गए हैं, जिन्हें कार्यकर्ता घर-घर जाकर भरवाएंगे।
- प्रमुख नेताओं की मौजूदगी: बैठक की अध्यक्षता जिला ग्रामीण कांग्रेस अध्यक्ष महेंद्र गंगोत्री ने की। इसमें भिलाई विधायक देवेंद्र यादव और कोटा विधायक अटल श्रीवास्तव विशेष रूप से उपस्थित रहे।
- जनता पर आर्थिक बोझ: नेताओं ने आरोप लगाया कि स्मार्ट मीटर लगने के बाद आम उपभोक्ताओं को दोगुने-तिगुने बिल मिल रहे हैं, जिससे गरीब, किसान और मध्यम वर्ग त्रस्त है।
नेताओं के तीखे तेवर:
“स्मार्ट मीटर के नाम पर प्रदेश की जनता पर अनावश्यक आर्थिक बोझ डाला जा रहा है। कांग्रेस इस अन्याय को किसी भी कीमत पर स्वीकार नहीं करेगी। समय रहते समाधान न होने पर बड़ा जनआंदोलन खड़ा किया जाएगा।”
— देवेंद्र यादव, विधायक (भिलाई)
“यह केवल बिजली बिल का मामला नहीं है, बल्कि जनता के अधिकारों से जुड़ा मुद्दा है। कांग्रेस सड़क से लेकर सदन तक निर्णायक संघर्ष करेगी।”
— अटल श्रीवास्तव, विधायक (कोटा)
“बिजली दरों में लगातार वृद्धि और ‘बिजली बिल हाफ’ योजना बंद होने से जनता परेशान है। कांग्रेस जनता की आवाज बनकर हर स्तर पर संघर्ष करेगी।”
— महेंद्र गंगोत्री, अध्यक्ष, जिला ग्रामीण कांग्रेस
आगे की रणनीति:
कांग्रेस कार्यकर्ताओं द्वारा घर-घर से जुटाई गई शिकायतों को संकलित कर संबंधित बिजली विभाग और राज्य सरकार को सौंपा जाएगा। यदि इसके बाद भी उपभोक्ताओं की समस्याओं का समाधान नहीं होता है, तो कांग्रेस पार्टी प्रदर्शन, ज्ञापन, धरना और चरणबद्ध जनआंदोलन का रास्ता अपनाएगी।
बैठक में जिला शहर अध्यक्ष सिद्धांशु मिश्रा, पूर्व विधायक सियाराम कौशिक, विजय केसरवानी, पूर्व महापौर राम शरण यादव, संयुक्त प्रदेश महामंत्री प्रशांत मिश्रा, राजू यादव सहित सभी ब्लॉक अध्यक्ष, मंडल अध्यक्ष और बड़ी संख्या में कार्यकर्ता उपस्थित रहे।


