रायपुर:
रक्षाबंधन के पावन पर्व पर बाजारों में उमड़ने वाली भारी भीड़ से ठीक पहले रायपुर पुलिस ने एक बड़े चोर गिरोह का पर्दाफाश किया है। एसीसीयू (ACCU) और थाना कोतवाली की संयुक्त टीम ने मालवीय रोड पर त्वरित कार्रवाई करते हुए महिलाओं और बच्चों को निशाना बनाने वाली दो महिला आरोपियों को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने इनके कब्जे से लगभग 12 लाख रुपये मूल्य के सोने-चांदी के आभूषण, नकदी, एक एक्टिवा वाहन और 5 मोबाइल फोन बरामद किए हैं।
कैसे हुआ खुलासा?
बीते रविवार को रक्षाबंधन की खरीदारी के दौरान मालवीय रोड पर एक छोटे बच्चे के गले से सोने का लॉकेट चोरी होने की सूचना मिली। हरकत में आई पुलिस टीम ने तत्काल मौके पर पहुंचकर आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों के फुटेज खंगाले। फुटेज में दो संदिग्ध महिलाएं भीड़भाड़ के बीच बच्चों और महिलाओं के गले के पास संदिग्ध हरकतें करती नजर आईं। पुलिस ने हुलिये के आधार पर त्वरित घेराबंदी कर दोनों को धर दबोचा।
पूछताछ में हुआ बड़ा खुलासा
कड़ाई से पूछताछ करने पर आरोपियों ने अपना नाम नंदनी राजपूत और सानिया मकीम (दोनों निवासी गुढ़ियारी, रायपुर) बताया। उन्होंने स्वीकार किया कि वे गोलबाजार, महादेव घाट, इतवारी बाजार और विभिन्न मेलों व भीड़भाड़ वाले इलाकों में घूम-घूमकर चोरी की वारदातों को अंजाम देती थीं। पुलिस की इस मुस्तैदी से त्यौहार के सीजन में होने वाली संभावित चोरियों की कई बड़ी वारदातों को टालने में सफलता मिली है।
विशेष तथ्य: गिरफ्तार आरोपी नंदनी राजपूत का पति मोहन राजपूत गुढ़ियारी थाने का हिस्ट्रीशीटर है, जो वर्तमान में नारकोटिक एक्ट के मामले में केंद्रीय जेल रायपुर में सजा काट रहा है।
पुलिस की अपील और सख्त निगरानी
रायपुर पुलिस ने स्पष्ट किया है कि रक्षाबंधन और आगामी त्यौहारों के मद्देनजर शहर के सभी प्रमुख बाजारों और भीड़भाड़ वाले इलाकों में पैदल पेट्रोलिंग, सीसीटीवी निगरानी और सादे कपड़ों में पुलिस बल की तैनाती लगातार जारी रहेगी, ताकि आम नागरिक सुरक्षित माहौल में खरीदारी कर सकें।



