बिलासपुर (राजकिशोर नगर/मोपका): स्मार्ट सिटी बिलासपुर के राजकिशोर नगर और मोपका क्षेत्र की जनता इन दिनों बिजली विभाग की ‘मनमानी’ से त्रस्त है। यहाँ बिजली की आँख-मिचोली और घंटों की कटौती ने लोगों का जीवन नर्क बना दिया है। सबसे चौंकाने वाली बात यह है कि यह लापरवाही तब हो रही है, जब रायपुर स्तर से वरिष्ठ अधिकारी लगातार बैठकें कर बिजली व्यवस्था सुधारने के सख्त निर्देश दे रहे हैं। लेकिन स्थानीय स्तर पर बैठे इंजीनियरों के कान पर जूं तक नहीं रेंग रही है।
उच्च अधिकारियों के निर्देश भी हवा-हवाई
रायपुर के उच्च अधिकारियों द्वारा बिजली व्यवस्था दुरुस्त करने के स्पष्ट निर्देशों के बावजूद, राजकिशोर नगर और मोपका में हालात जस के तस बने हुए हैं। सूत्रों की मानें तो विभाग के उच्च अधिकारी भी इन स्थानीय इंजीनियरों की कार्यप्रणाली और मनमानी से बेहद परेशान हैं। सवाल यह है कि यदि रायपुर के प्रभारी अधिकारियों की बैठक का इन पर कोई असर नहीं पड़ रहा, तो आखिर ये किसके संरक्षण में अपनी मनमानी कर रहे हैं?
एई वर्षा सोनी और जेई तांबले की ‘उदासीनता’ पर जनता का फूटा गुस्सा
क्षेत्रीय निवासियों का स्पष्ट आरोप है कि एई वर्षा सोनी और जेई तांबले ने जैसे जनता की समस्याओं से पल्ला ही झाड़ लिया है।
- फोन का ‘नो रिस्पॉन्स’: जनता घंटों फोन लगाती रहती है, लेकिन जिम्मेदार अधिकारी फोन उठाना तक मुनासिब नहीं समझते।
- टोल-फ्री नंबर बना छलावा: शिकायत दर्ज कराने के लिए बने हेल्पलाइन नंबर पर भी कोई सुनवाई नहीं हो रही है।
- जिम्मेदारी से भागते अधिकारी: न सुधार के कोई प्रयास हो रहे हैं, न ही जनता को संतोषजनक जवाब मिल रहा है।
अब जनता के सब्र का बांध टूटा कि ?
राजकिशोर नगर और मोपका की जनता का कहना है कि जब रायपुर के निर्देश भी इनके सामने छोटे साबित हो रहे हैं, तो आम आदमी की फरियाद की क्या बिसात? जनता ने स्पष्ट किया है कि यदि बिजली व्यवस्था में तत्काल सुधार नहीं हुआ और इन जिम्मेदार अधिकारियों का रवैया नहीं सुधरा, तो बिलासपुर के बिजली ऑफिस का घेराव करना ही एकमात्र रास्ता बचेगा।
माया डीजे गली निवासी अतुल सिंह बघेल का कहना है कि लगातार हो रही इस तरह की बिजली के कटौती के कारण हमारे छोटे बच्चे की पढ़ाई मार खा तो रही है वहीं रात के अंधेरे में जहरीली कीड़ो एवं जहरीली सांपों का डर हमेशा बना रहता है सैकड़ो बार इनको फोन लगाओ उठाते नहीं । इनको कोई मतलब नहीं रहता है बिजली सब स्टेशन जाने से पता चलता है कि यहां कोई नहीं है या कोई जानकारी नहीं दे पाएंगे ।
वही रॉयल टाउन निवासी अरुण सिंह का कहना है कि बिजली विभाग के अधिकारियों का लगातार इस तरह का अड़ियल व्यवहार रहा तो हम आंदोलन करने के लिए बाध्य होंगे
मीडिया अपील]: क्या बिजली विभाग के अधिकारी इस ‘बेलगाम’ कार्यप्रणाली पर कोई ठोस कार्रवाई करेंगे? या फिर रायपुर से लेकर बिलासपुर तक के इन निर्देशों के बीच जनता इसी तरह अंधेरे में पिसती रहेगी?


