बिलासपुर।( मनोज वर्मा ) साइबर ठगी का शिकार हुए लोगों के लिए अब राहत की खबर है। बिलासपुर रेंज के अंतर्गत अब पुलिस न केवल अपराधियों को पकड़ेगी, बल्कि प्राथमिकता के आधार पर पीड़ितों के खाते में ठगी गई रकम वापस (Money Restoration) कराने पर भी जोर देगी। इस उद्देश्य से बिलासपुर में एक विशेष प्रशिक्षण कार्यशाला का आयोजन किया गया।
पुलिस का फोकस: ‘आरोपियों की गिरफ्तारी से ज्यादा, पीड़ित को पैसा वापसी’
प्रशिक्षण में पुलिस महानिरीक्षक (IG) बिलासपुर रेंज, श्री राम गोपाल गर्ग ने स्पष्ट निर्देश दिए कि पुलिस की सफलता का असली पैमाना ठगी करने वाले बैंक खाता धारकों को पकड़ना भर नहीं है, बल्कि पीड़ित का पैसा उसे वापस दिलाना है। उन्होंने कहा कि पुलिस अब इस दिशा में और अधिक सक्रियता से कार्य करेगी।
I4C के मॉड्यूल्स पर मिली ट्रेनिंग
भारत सरकार के I4C (Indian Cyber Crime Coordination Centre) के तहत NCRP पोर्टल के दो प्रमुख मॉड्यूल्स पर अधिकारियों को प्रशिक्षित किया गया:
- मनी रेस्टोरेशन मॉड्यूल (MRM): ठगी का पैसा यदि किसी खाते में फ्रीज हुआ है, तो उसे कानूनी प्रक्रिया पूरी कर वापस पीड़ित के खाते में ट्रांसफर कराने की तकनीक।
- ग्रीवांस रिड्रेसल मॉड्यूल: फ्रॉड के दौरान कई बार निर्दोष लोगों के खाते भी गलती से फ्रीज हो जाते हैं। ऐसे लोगों को थाने के चक्कर काटने से बचाने के लिए पोर्टल के माध्यम से डी-फ्रीज कराने की सरल प्रक्रिया।
बिलासपुर पुलिस की बड़ी उपलब्धि
कार्यशाला के दौरान बिलासपुर ACCU टीम की सराहना की गई। ACCU टीम ने अब तक 2,36,000 रुपये रिकवर कर पीड़ितों को वापस दिलाए हैं, साथ ही 60 अन्य प्रकरण वर्तमान में प्रक्रियाधीन हैं। इस सफलता पर वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक, बिलासपुर श्री रजनेश सिंह ने ACCU प्रभारी गोपाल सतपति और उनकी टीम को पुरस्कृत करने की घोषणा की है।
अपराधियों की संपत्ति होगी कुर्क
कार्यशाला में यह कड़ा रुख अपनाया गया कि साइबर अपराधियों के केवल गिरफ्तार होने से काम नहीं चलेगा। पुलिस अब ऐसे अपराधियों की चल-अचल संपत्ति का ब्यौरा जुटाकर उसे न्यायालय में पेश करेगी, ताकि केस चलने के दौरान वे अपनी संपत्ति न बेच सकें। इस संपत्ति के जरिए भविष्य में पीड़ितों के नुकसान की भरपाई की जा सकेगी।
आम जनता से अपील: ‘तुरंत करें 1930 पर कॉल’
वरिष्ठ अधिकारियों ने जनता से अपील की है कि साइबर ठगी होने की स्थिति में घबराएं नहीं और न ही थाने-साइबर सेल के बीच भटकें। पीड़ित तुरंत:
- 1930 पर कॉल करें।
- NCRP पोर्टल (https://cybercrime.gov.in) पर अपनी शिकायत दर्ज करें।
- अपनी ठगी गई राशि के लिए मनी रेस्टोरेशन मॉड्यूल (https://mrm-ncrp.mha.gov.in/) का उपयोग करें।
इस प्रशिक्षण में एसएसपी मुंगेली श्री भोज राम पटेल ने केस स्टडी के माध्यम से सफल प्रयोग साझा किए, वहीं ICICI बैंक के विशेषज्ञ श्री कमलेश वाल्दे ने कानूनी दस्तावेजों और बैंक प्रक्रिया के बारे में विस्तार से जानकारी दी।


