बिलासपुर। ग्राम मौजा मोपका, पटवारी हल्का नंबर-29 की शासकीय भूमि / रास्ते की खाते की जमीन के दस्तावेज की आड़ में खसरा नंबर 993/1 पर कथित अतिक्रमण और अवैध खरीद-फरोख्त का मामला एक बार फिर सुर्खियों में है। स्थानीय स्तर पर दायर शिकायत में भू-माफिया गतिविधियों मे संलिप्तो के द्वारा पुराने आरोपों को दोहराते हुए पुनः अतिक्रमण कार्य में सक्रिय हो जाने के कारण सख्त कार्रवाई की मांग की गई है।
5 एकड़ शासकीय भूमि पर कब्ज़े का आरोप
शिकायत के अनुसार, 1980-90 के दौर से सक्रिय बताए जा रहे बिल्डर फर्म “टॉप ट्रेंड्स बिल्डर” के संचालक , शासकीय भूमि के पुराने अतिक्रमणकारी सरदार कुलजीत सिंह (पिता – प्रताप सिंह, पता – पंचवटी कॉलोनी, राजकिशोर नगर, बिलासपुर) पर खसरा नंबर 993/1 की लगभग 5 एकड़ शासकीय भूमि पर अतिक्रमण का आरोप है। दावा किया गया है कि यह कब्ज़ा वर्षों से जारी है और वर्तमान में भी निर्माण/प्लॉटिंग की गतिविधियाँ चल रही हैं।
1983 में 28 रजिस्ट्रियां, रास्ते की ज़मीन भी बंटी!
शिकायत में उल्लेख है कि 15/02/1983 को खसरा नंबर 993/1(ख) रकबा 4.91 एकड़ में से एक ही दिन 28 रजिस्ट्रियां कर लगभग 3.20 एकड़ भूमि का विक्रय किया गया। अगले दिन 16/02/1983 को लगभग 0.80 एकड़ भूमि स्वयं कुलजीत सिंह और उनके सहभागीदार के नाम पर जॉइंट रजिस्ट्री हुई, जिसे कथित तौर पर “रास्ते” के लिए बताया गया।
आरोप है कि बाद में इसी रास्ते की भूमि का आपसी बंटवारा कर राजस्व अभिलेखों में दर्ज कराया गया और रोड-नाली की बचत भूमि को निजी खातों में दर्शाते हुए शासकीय खसरा 993/1 में अतिक्रमण का प्रयास किया जा रहा है।
2009 में भी आया था हटाने का आदेश
शिकायत में यह भी कहा गया है कि पूर्व में इस प्रकरण की जांच के बाद न्यायालय तहसीलदार, बिलासपुर ने 12/01/2009 को कब्ज़ा हटाने और ₹1500 अर्थदंड का आदेश पारित किया था। आरोप है कि आदेश का पूर्ण पालन नहीं हुआ।
SDM (राजस्व) में दर्ज पुनरनिरीक्षण पर संज्ञान की मांग
मामले में अनुविभागीय अधिकारी (राजस्व), बिलासपुर, छत्तीसगढ़ के न्यायालय में दर्ज प्रकरण क्रमांक 45/अ-68/2010-2011, आदेश दिनांक 23/04/2011 पर भी संज्ञान लेने की मांग की गई है। ज्ञात हो कि उक्त मामले की शिकायत पीएमओ तक हो चुकी है
मुख्य मांगें
खसरा नंबर 993/1 की शासकीय भूमि पर अतिक्रमण व निर्माण पर तत्काल रोक
खसरा नंबर 993/2क और 993/1ख के सभी टुकड़ों (रोड-रास्ता खाते की भूमि) की खरीद-फरोख्त पर प्रतिबंध
राजस्व अभिलेखों की उच्च स्तरीय जांच
प्रशासन पर बढ़ा दबाव
पंचवटी कॉलोनी की मुख्य सड़क, जो रवि रिसोर्ट के सामने से सामुदायिक भवन और शनि मंदिर की ओर जाती है, उसके आसपास की भूमि को लेकर यह विवाद अब तूल पकड़ता दिख रहा है। स्थानीय नागरिकों का कहना है कि यदि समय रहते कार्रवाई नहीं हुई तो रास्ता और नाली की जमीन पूरी तरह निजी प्लॉटिंग में बदल सकती है।
अब देखना होगा कि प्रशासन इस गंभीर आरोप पर क्या कदम उठाता है और वर्षों पुराने इस भू-विवाद में क्या नई कार्रवाई होती है।
इस संबंध में तहसीलदार बिलासपुर से जांच रिपोर्ट मंगवाई गई है जांच रिपोर्ट के आधार पर विधिवत कार्यवाही की जाएगी
मनीष साहू ( एसडीएम ) बिलासपुर

